Brahma Kumaris Managing Trustee Rajayogi BK Ramesh Shah Passed Away:
Last Rites on January 29

Abu Road, India : It is feelings of deep love and regard that we wish to inform everyone that our beloved Elder Brother, the Additional Secretary-General of Brahma Kumaris World Spiritual Organisation and Managing Trustee of World Renewal Spiritual Trust, Respected Rajyogi Brahma Kumar Rameshbhai Shah, ​(Aged 83) left his mortal coil and flew to the angelic region at 7.23 am on Saturday, January 28, 2017 after a long illness.

His last rites will be performed on January 29 at 04.00 pm at Muktidham Cremation Ground, Near Shantivan, Abu Road.

His body will be taken from Trauma Centre, Abu Road, to Brahma Kumaris HQ at Pandav Bhawan, Mount Abu on 28 January afternoon and laid in state in History Hall, for everyone to pay their respects. Continuous Meditation will be taking place this evening and through the night.

On Sunday, 29 January at around 10.00 am, his body will be taken on its last pilgrimage around the 4 Pilgrimage Places, Spiritual Museum, Global Hospital, and Gyan Sarovar, before being taken back to Shantivan, Abu Road. It will be laid in state outside Tapasya Dham for all those who wish to pay their respects.

He was taking treatment of kidney infection and breathed his last at Brahma Kumaris Global Hospital and Trauma Centre, Abu Road(Raj.)

Thousand of members of the Brahma Kumaris World Family and well wishers started thronging the headquarters Shantivan Campus and mourning his death. Condolences poured in from all quarters on Saturday morning after the news of his death spread.

He, at present, holds many positions with the Brahma Kumaris and other organizations including

  1. Additional General Secretary of Brahma Kumaris – looking after its Finances, Properties and Legal Matters
  2. Managing Trustee of World Renewal Spiritual Trust
  3. Founder Secretary of Brahma Kumaris Education Society
  4. Organizing Secretary of Rajyoga Education and Research Foundation (RERF)
  5. Chairperson of Jurist Wing and SpARC Wing
  6. Chairman, Godlywood Studio
  7. Managing Trustee, Shri Adhyatmic Foundation
  8. Director, Art and Culture Wing
  9. Secretary, Radio Madhuban Community Society
  10. Pioneer, India One Solar Thermal Power Plant
  11. Author of many Spiritual Books.

He was specially awarded by UN and its allied NGO Institutions for the USA & UK for “International Understanding and Excellence in Financial Management”.
Started practice as Chartered Accountant in 1957 along with a stint in Mumbai University as a lecturer for 8 years and taught Philosophy for 8 Years.
He came into contact with Brahm Kumaris in the year 1952 and dedicated himself to the task of Divine Service in 1961. His coming to the organization opened up many new beginnings in the form of educational activities

He was a member of the first delegation going to foreign countries that established Brahma Kumaris centers in London in the West, Hong Kong in the East, USA, Australia, Singapore, Malaysia, African Countries etc.

Kindly send your condolences to : nirwair@bkivv.org

राजयोगी ब्रह्माकुमार रमेश शाह का देहावसान, रविवार को सांय 4 बजे होगा अंतिम संस्कार

आबू रोडः प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्व विद्यालय के अतिरिक्त महासचिव, वल्र्ड रिन्यूवल स्प्रीचुअल ट्रस्ट के मैनेजिंग ट्रस्टी एवं गाॅडलीवुड स्टूडियो के अध्यक्ष राजयोगी भ्राता रमेश शाह 28 जनवरी, 2017 को प्रातः 7 बजकर 23 मिनट पर बापदादा की गोद ली वे 83 वर्ष केे थे। लम्बे समय से किडनी समेत कई बीमारियों का इलाज चल रहा था। पिछले एक महीने से ग्लोबल अस्पातल के ट्रामा सेंटर में इलाज चल रहा था जहाॅं उन्होंने अंतिम सांस ली। रविवार को शांतिवन के समीप आमथला में मुक्ति धाम में उनका अंतिम होगा। उनके पार्थिव शरीर को रविवार 11 बजे तक पांडव भवन के हिस्ट्री हाॅल में अंतिम दर्शनार्थ रखा गया है। इसके पश्चात चारों धामों की यात्रा कराते हुए सांय ढाई बजे शांतिवन के तपस्या धाम में लाया जायेगा। जहाॅं देश भर से आये भाई बहनें अपनी श्रद्धांजलि देंगे। अंतिम संस्कार रविवार को सायं चार बजे होगा।

आदरणीय भ्राता रमेश जी अथक सेवाधारी और बहुमुखी प्रतिभा के धनी थे। वे 1953 में अपनी माता के साथ मुम्बई में संस्था के साकार संस्थापक प्रजापिता ब्रह्मा बाबा के सम्पर्क में आये और 1961 से वे ब्रह्मा कुमारीज के साथ नियमित रूप से जुड़ गये। उनका जन्म 5 फरवरी, 1934 में हुआ था। इनके पिता का नाम नानालाल शाह तथा माता का नाम शांता देवी था। ईश्वरीय ज्ञान के पारखी रमेश भाई जी नवीनता तथा शोध के माध्यम से ईश्वरीय सेवाओं को आगे बढ़ाने में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभायी।

वे संस्था के साकार संस्थापक प्रजापिता ब्रह्मा बाबा के अव्यक्त होने के बाद संस्था की पूर्व मुख्य प्रशासिका राजयोगिनी दादी प्रकाशमणि के साथ मिलकर अमेरिका, जापान, लंदन, रुस, जर्मनी समेत अनेक देशों में ब्रह्माकुमारीज संस्थान का प्रतिनिधित्व करते हुए ईश्वरीय ज्ञान का प्रचार-प्रसार करते रहे। पवित्र धन कमाने, उसके उपयोेग पर अपनी लेखनी से क्रमवार लेखों से लोगों को प्रेरित करते रहे। इसके साथ ही उन्होंने जबसे ईश्वरीय मार्ग पर पैर रखा तब से पीछे मुड़कर कभी नहीं देखा। आदर्श पारिवारिक जीवन की मिशाल रमेश भाई जी हमेशा राजा जनक के मिसल ट्रस्टी होकर ईश्वरीय सेवाओं को सम्भाला। चार्टर्ड एकाउंटेण्ट की परीक्षा में आप गोल्ड मेडेलिस्ट थे। लौकिक एवं अलौकिक कायदों एवं कानून के वे प्रबल समर्थक थे। हमेशा ईश्वरीय संस्थान को दुनिया के सामने उज्जवल पानी की तरह ले जाना इनकी आदतों में शुमार था।
ब्रह्माकुमारीज संस्थान के मुख्य वरिष्ठ भाईयों में से एक रमेश भाई जी दुरांदेशी बुद्धि थे। तन, मन, धन सबकुछ उन्होंने ईश्वरीय सेवा में लगा दिया। अपनी युगल उषा बहन के साथ हर स्थानों पर सेवाओं पर उपस्थित रहकर मार्गदर्शन करते रहे।

इनके इन महान कार्यों को देखते हुए संयुक्त राष्ट्र द्वारा इंटरनेशनल अण्डरस्टैडिंग एवं फाईनेन्शियल मैनेजमेंट अवार्ड से सम्मानित किया गया। वे केवल कानूनों के ही जानकार नहीं बल्कि वे डांस, ड्रामा के लेखक और मार्गदर्शक रहे।
संस्था की विभिन्न गतिविधियों में महत्वपूर्ण भूमिका तो निभाई ही साथ ही अंतर्राष्ट्रीय मुख्यालय के साथ भारत सहित देश विदेश के सेवाकेन्द्रों पर आर्थिक पारदर्शिता के सूत्रधार थे। चाहे वह छोटा हो या बड़ा हर किसी को कायदेनुसार चलने के लिए प्रेरित करना तथा उन्हें आगे बढ़ाने के लिए प्रयासरत रहे। मुम्बई में ब्रह्माबाबा के निर्देशन में सन् 1964 में पहली बार आध्यात्मिक चित्र प्रदर्शनी का आयोजन किया गया। जो मुम्बई में सेवाओं के विस्तार के लिए मील का पत्थर साबित हुआ। इसके साथ ही आबू के साथ-साथ मुम्बई में रहकर वल्र्ड रिन्युवल स्पिरिचुअल ट्रस्ट की जिम्मेवारियों का निर्वहन करते हुए महाराष्ट् जोन की सेवाओं के विस्तार का मार्गदर्शन करते रहे। इनकी चार्टर्ड एकाउण्टेंट की सुप्रसिद्ध फर्म भी थी। इन सब सेवाओं की जिम्मेदारी तो सम्भाली ही साथ ही कई और महत्वपूर्ण पदों पर भी सफल निर्देशन करते रहे है जो निम्नलिखित है।

  1. सचिव, ब्रह्माकुमारीज एजुकेशनल सोसायटी
  2. सचिव, राजयोग एजुकेशन एवं रिसर्च फाउण्डेशन
  3. अध्यक्ष, न्यायविद प्रभाग
  4. अध्यक्ष, स्पार्क प्रभाग
  5. सचिव, रेडियो मधुबन कम्यूनिटी सोसायटी 90.4 एफएम
  6. निदेशक, कला एवं संस्कृति प्रभाग
  7. प्रणेता, इंडिया वन सोलार थर्मल पावर प्लांट
  8. ट्रस्टी, श्री शिव आध्यात्मिक फाउण्डेशन
  9. अध्यक्ष, गाड्ली वुड स्टूडियो

ऐसे महान आध्यात्मिक पुरुष तथा ईश्वरीय ज्ञान एवं राजयोग के धनी भ्राता रमेश जी को भावपूर्ण श्रद्धांजलि अर्पित करें। उनके लिए सांत्वना संदेश हमें इस ईमेल आईडी पर भेंजें।
Email: nirwair@bkivv.org